
मानव संस्कारों की रक्षा को लेकर घिवही में कर्मकांडीय प्रशिक्षण की अनूठी पहल।

विंढमगंज (सोनभद्र)।घिवही ग्राम पंचायत स्थित प्राचीन शिव मंदिर परिसर में अखिल भारतीय यादव महासभा के तत्वावधान में एक विशेष बैठक आयोजित की गई, जिसमें समाज में कर्मकांडीय परंपराओं को जीवित रखने हेतु “कर्मकांडी फौज” तैयार करने का संकल्प लिया गया। बैठक का आयोजन जिला अध्यक्ष जगत नारायण यादव के नेतृत्व में किया गया।
तीन घंटे तक चली इस बैठक में मानव जीवन के 16 संस्कारों—नामकरण से लेकर अंतिम संस्कार तक—को विधिवत कराने हेतु स्थानीय युवाओं को प्रशिक्षित करने पर जोर दिया गया। इस दौरान 10 लोगों को पंचांग प्रदान कर उन्हें कर्मकांड सीखने और समाज में सेवा देने का संकल्प दिलाया गया।
वक्ताओं ने कहा कि वर्तमान समय में धार्मिक अज्ञानता और सामाजिक कुरीतियां तेजी से बढ़ रही हैं। ऐसे में कर्मकांड के साथ-साथ समाज सुधार भी आवश्यक है। बैठक में नशा मुक्ति, दहेज उन्मूलन, शिक्षा के प्रचार-प्रसार और जातीय भेदभाव समाप्त करने जैसे विषयों पर गंभीर मंथन हुआ।
गायत्री परिवार, आर्य समाज, शिव शिष्य परंपरा तथा बौद्ध धर्म से जुड़े कर्मकांडी पुरोहितों की सहभागिता ने बैठक को बहुआयामी स्वरूप प्रदान किया। अशोक कुमार यादव, अनूप यादव, शिवकुमार सिंह, राम लगन यादव, प्रेमचंद गुप्ता, विजय कुमार, ओमप्रकाश, सिकंदर प्रसाद कनौजिया, अविनाश यादव सहित अनेक वक्ताओं ने अपने विचार रखे।
सभा की अध्यक्षता गायत्री परिवार के वरिष्ठ कार्यकर्ता हुलास प्रसाद यादव ने की, जबकि मुख्य अतिथि आर्य समाज से जुड़े शिव भजन रहे। संचालन अरविंद कुमार यादव द्वारा किया गया। बैठक में क्षेत्र के सैकड़ों ग्रामीणों की मौजूदगी ने यह स्पष्ट कर दिया कि समाज अब संस्कार, संस्कृति और सुधार की दिशा में आगे बढ़ने को तैयार है।



