
विंढमगंज (सोनभद्र)।
स्थानीय थाना क्षेत्र के सलैयाडीह कोन रोड स्थित किसान रवि पासवान पुत्र गुलाब चंद पासवान के खलिहान में शनिवार सुबह करीब दस बजे संदिग्ध परिस्थितियों में अचानक आग लग गई। खलिहान से उठती लपटों ने कुछ ही मिनटों में स्थिति को भयावह बना दिया और देखते ही देखते करीब डेढ़ कुंटल धान तथा बड़ी मात्रा में पुआल जलकर राख हो गया। यह घटना इतनी तेज़ी से घटी कि किसान और परिवार के लोग कुछ भी बचाने में असमर्थ रहे।
आग लगने की सूचना मिलते ही आसपास के ग्रामीण मौके पर जुट गए। दीपक, अर्जुन सहित दर्जनों लोगों ने मिलकर बाल्टियों से पानी डालकर और मिट्टी फेंककर आग पर काबू पाने के प्रयास शुरू किए। ग्रामीणों की त्वरित सक्रियता के कारण लपटें फैलने से रुक गईं, अन्यथा आग आसपास स्थित खेतों और घरों तक भी पहुंच सकती थी, जिससे बड़ा हादसा हो सकता था। ग्रामीणों की एकजुटता और तत्परता ने इस संकट की घड़ी में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
किसान रवि पासवान के अनुसार, घटना अचानक हुई और आग लगने का कारण स्पष्ट नहीं हो पाया है। संदिग्ध परिस्थितियां होने के कारण ग्रामीणों ने प्रशासन से इसकी जांच कराने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं पर रोक लग सके। किसान का कहना है कि डेढ़ कुंटल धान और पुआल जल जाने से उनकी फसल संबंधी तैयारियों पर सीधा असर पड़ा है। यह नुकसान छोटे किसान के लिए अत्यंत भारी है, जिसे वह अकेले झेल पाना आसान नहीं है।
ग्रामीणों ने सामूहिक रूप से शासन-प्रशासन से मांग की है कि तत्काल सर्वे कराते हुए पीड़ित किसान को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जाए। यह क्षेत्र मुख्य रूप से कृषि पर निर्भर है, ऐसे में किसी भी किसान की फसल या अनाज का नुकसान सीधे उसकी आजीविका पर प्रभाव डालता है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि ग्रामीण क्षेत्रों में फायर ब्रिगेड सुविधा की पहुंच बहुत कम है। यदि गांवों में अग्निशमन साधनों की उपलब्धता बढ़ाई जाए, तो इस तरह की घटनाओं में होने वाली क्षति को काफी हद तक रोका जा सकता है।
ग्रामीणों की एकता, सजगता और समय रहते किए गए प्रयासों से भले ही बड़ा हादसा टल गया, लेकिन किसान को हुए आर्थिक नुकसान ने प्रशासन का ध्यान आकर्षित किया है। उम्मीद है कि संबंधित विभाग शीघ्र सहायता प्रदान करेगा।
विंढमगंज, सोनभद्र से
जितेंद्र प्रसाद
भारत दृष्टि लाइव न्यूज़



